Monday, July 9, 2012

मौहब्बत की कच्ची दीवार

मौहब्बत की कच्ची दीवार
लिपी हुई, पुती हुई
फिर भी इसके पहलू से
रात एक टुकड़ा टूट गिरा

बिल्कुल जैसे एक सूराख़ हो गया
दीवार पर दाग़ पड़ गया...

यह दाग़ आज रूँ रूँ करता,
या दाग़ आज होंट बिसूरे
यह दाग़ आज ज़िद करता है...
यह दाग़ कोई बात न माने

टुकुर टुकुर मुझको देखे,
अपनी माँ का मुँह पहचाने
टुकुर टुकुर तुझको देखे,
अपने बाप की पीठ पहचाने

टुकुर टुकुर दुनिया को देखे,
सोने के लिए पालना मांगे,
दुनिया के कानूनों से
खेलने को झुनझुना मांगे

माँ! कुछ तो मुँह से बोल
इस दाग़ को लोरी सुनाऊँ
बाप! कुछ तो कह,
इस दाग़ को गोद में ले लूँ

दिल के आँगन में रात हो गयी,
इस दाग़ को कैसे सुलाऊँ!
दिल की छत पर सूरज उग आया
इस दाग़ को कहाँ छुपाऊँ! 


जिसके साथ होकर भी तुम अकेले रह सको, वही साथ करने योग्य है। जिसके साथ होकर भी तुम्हारा अकेलापन दूषित न हो। तुम्हारी तन्हाई तुम्हारा एकांत बना रहे। जो अकारण तुम्हारी तन्हाई में प्रवेश न करे। जो तुम्हारी सीमाओं का आदर करे। जो तुम्हारे एकांत पर आक्रामक न हो। तुम बुलाओ तो पास आये । इतना ही पास आये, जितना तुम बुलाओ और जब तुम अपने भीतर उतर जाओ तो तुम्हे अकेला छोड़ दे।  अमृता .............

15 comments:

रश्मि प्रभा... said...

जिसके साथ होकर भी तुम अकेले रह सको, वही साथ करने योग्य है। जिसके साथ होकर भी तुम्हारा अकेलापन दूषित न हो। तुम्हारी तन्हाई तुम्हारा एकांत बना रहे। जो अकारण तुम्हारी तन्हाई में प्रवेश न करे। जो तुम्हारी सीमाओं का आदर करे। जो तुम्हारे एकांत पर आक्रामक न हो। तुम बुलाओ तो पास आये । इतना ही पास आये, जितना तुम बुलाओ और जब तुम अपने भीतर उतर जाओ तो तुम्हे अकेला छोड़ दे।...........वाह

दीपिका रानी said...

बहुत खूबसूरत...

expression said...

मोहब्बत मोहब्बत मोहब्बत.....
अमृता जी खुद मोहब्बत हैं...

बहुत सुन्दर
अनु

सदा said...

अंतिम पंक्तियां ... मन को भावमय करती हुई ... इस उत्‍कृष्‍ट प्रयास के लिए आपका आभार

अनुपमा पाठक said...

वाह!

वन्दना said...

इतना ही पास आये, जितना तुम बुलाओ और जब तुम अपने भीतर उतर जाओ तो तुम्हे अकेला छोड़ दे। …………आह ………अद्भुत

Vivek VK Jain said...

lafz dar lafz khoobsoorat hota jata h pyaar!

sm said...

सुन्दर प्रस्तुति

Ankita Chauhan said...

bahut hi sundar...

प्रेम सरोवर said...

बहुत अच्छी प्रस्तुति! मेरे नए पोस्ट "छाते का सफरनामा" पर आपका हार्दिक अभिनंदन है। धन्यवाद।

Shanti Garg said...

बहुत ही बेहतरीन और प्रभावपूर्ण रचना....
जन्माष्टमी पर्व की शुभकामनाएँ
मेरे ब्लॉग

जीवन विचार
पर आपका हार्दिक स्वागत है।

राजेश सिंह said...

टिपण्णी के नाम पर बस एक शब्द ...............बेहतरीन

महेन्द्र श्रीवास्तव said...

बहुत सुंदर
क्या कहने

Diwali sms in hindi said...

सर वाकई में आपके इन सुंदर शेरो को पढ़कर मज़ा आ गया बहुत बढ़िया सर

Diwali shayari sms Quotes said...

बेहतरीन सुन्दर शेर है मेम